CJP stages protest outside a Delhi police station: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कार्यकर्ता आज यानी शुक्रवार (4 सितंबर 2026) को दिल्ली के पार्लियामेंट स्ट्रीट (संसद मार्ग) थाने पर भारी संख्या में प्रदर्शन करने पहुंचे हैं। युवा संगठन कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कार्यकर्ता और बड़े नेता सुबह से दिल्ली के संसद मार्ग (पार्लियामेंट स्ट्रीट) थाने के बाहर दिल्ली पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी और प्रर्दशन पर डटे हुए है। वहीं CJP के नेता सौरव दास दूसरे सदस्यों के साथ पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने पहुंचे हैं। वे संजय और निशु के लिए न्याय की मांग कर रहे हैं। इस बीच, निशु, चंद्रशेखर आजाद, सौरव दास और आशुतोष रांका DCP ऑफिस में पहुंच गए हैं।
यह प्रदर्शन जंतर-मंतर पर धरने में शामिल रहने वाली लड़की निशु आजाद के पिता संजय कुमार पर हमले से जुड़ा है। संजय कुमार पर स्वतंत्र भारद्वाज नाम के एक युवक ने कथित रूप से हमला किया था। जिस पर CJP का आरोप है कि दिल्ली पुलिस ने उसके खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया। जिसके लिए CJP समेत कई और नेता दिल्ली के संसद मार्ग (पार्लियामेंट स्ट्रीट) थाने के बाहर प्रर्दशन कर रहे है।
दरअसल, ये मुद्दा तब फिर से गरमा गया जब CJP कार्यकर्ता के पिता पर हमले की बात आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज ने एक पॉडकास्ट में खुलेआम कबूल की। उसने कहा कि वो हमला करने के बाद भी जेल नहीं गया क्योंकि राजनीतिक लोगों से उसकी जान-पहचान है। वहीं इस मामले पर निशु ने एक वीडियो पोस्ट करके राहुल गांधी से मदद की भी अपील की है। जिसके बाद राहुल गांधी ने निशु को मदद का भरोसा दिया है।
राहुल गांधी ने अपने पोस्ट में लिखा, ”निशु, घबराने की जरूरत नहीं है। मैं तुम्हारे साथ हूं। साफ है कि तुम्हें इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि तुम अपने समुदाय और छात्रों के हक की आवाज उठाती हो। अमित शाह की दिल्ली पुलिस, एक तरफ छात्रों के साथ अमानवीय बर्बरता करती है। दूसरी तरफ, एक दलित लड़की के पिता का सिर फोड़ने वाला अपराधी खुलेआम घूम रहा है। पीएम मोदी, गृह मंत्री अमित शाह ऐसे अपराधी को आपका और आपकी पार्टी के लोगों का संरक्षण क्यों है? अब भी कार्रवाई होगी या किसी को बचाते रहेंगे? निशु, तुम्हारी लड़ाई अकेली नहीं है। हम तब तक नहीं रुकेंगे जब तक न्याय नहीं मिल जाता। जय भीम। जय संविधान।”
वहीं दिल्ली पुलिस ने इस मामले पर बयान जारी कर सोशल मीडिया के दावों को अफवाह बताया है। पुलिस का कहना है कि डॉक्टरों (RML अस्पताल) के मुताबिक संजय कुमार को मामूली चोटें आई थीं, जो हाथ में पहने कड़े से लगी थीं। सिर में क्रैक की खबरें बेबुनियाद हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपियों (सूरज कुमार और स्वतंत्र भारद्वाज) से पूछताछ की जा चुकी है और इस मामले में जल्द ही कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की जाएगी। पुलिस ने राजनीतिक हस्तक्षेप के आरोपों को भी पूरी तरह खारिज किया है।
