उत्तराखंड सरकार की नई सड़क सुरक्षा नीति, पर्वतीय मार्गों पर पौधरोपण और…

Road Accident Prevention Plan: उत्तराखंड सरकार ने सड़क दुर्घटनाओं को कम करने और यातायात सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए राज्य सड़क सुरक्षा नीति 2025 को मंजूरी दी है। इस नीति में 19 विभागों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जिससे सड़क सुरक्षा को प्रभावी रूप से लागू किया जा सके।

सड़क हादसे रोकने के लिए प्रमुख कदम

  1. पर्वतीय मार्गों पर पौधरोपण– सड़कों के किनारे पेड़ लगाए जाएंगे, ताकि भूस्खलन और हादसों की संभावना कम हो और यह उपाय खासतौर पर पहाड़ी इलाकों में दुर्घटना रोकने में मदद करेगा।
  2. शिक्षा में सड़क सुरक्षा– आपको बता दें, कक्षा 1 से ही सड़क सुरक्षा की पढ़ाई शुरू होगी। स्कूल बस, वैन चालकों और शिक्षकों को भी सड़क सुरक्षा पर प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके साथ, एनएसएस, एनसीसी, स्काउट गाइड के छात्रों को सड़क सुरक्षा के लिए ट्रेनिंग दी जाएगी।
  3. सड़क निर्माण में सुरक्षा उपाय– सड़कों के डिजाइन में पैदल यात्रियों, दिव्यांगों और बच्चों की सुरक्षा का ध्यान रखा जाएगा। क्रैश बैरियर, ब्लैक स्पॉट और दुर्घटना संभावित क्षेत्रों का सुधार किया जाएगा। इसके अलावा, सड़क किनारे भवन निर्माण सामग्री का भंडारण रोकने के लिए गाइडलाइन तैयार की जाएगी।
  4. स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार– दुर्घटनाओं के इलाज के लिए चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों को विशेष रूप से प्रशिक्षित किया जाएगा। गोल्डन आवर का महत्व समझाया जाएगा और एयर एंबुलेंस सेवा को मजबूत किया जाएगा । सभी हाईवे के पास अस्पताल और ट्रॉमा सेंटर को बेहतर बनाया जाएगा। इसके साथ ही, घायलों को निशुल्क कैशलेस इलाज की सुविधा दी जाएगी।
  5. परिवहन और यातायात सुधार– नेशनल और स्टेट हाईवे पर पेट्रोलिंग बढ़ाई जाएगी। वाहन चालकों को विशेष प्रशिक्षण और रिफ्रेशर कोर्स कराए जाएंगे ।लाइसेंसिंग प्रणाली में AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) का उपयोग किया जाएगा। यातायात नियंत्रण के लिए इलेक्ट्रॉनिक इंफोर्समेंट डिवाइसेस का प्रयोग किया जाएगा।
  6. आपदा प्रबंधन और पुलिस की भूमिका– दुर्घटना की सूचना पुलिस और मेडिकल टीम को तुरंत देने की व्यवस्था की जाएगी। राहत और बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ को सक्रिय किया जाएगा। सड़क दुर्घटनाओं के कारणों को समझने और उनका सही विश्लेषण करने के लिए एक विशेष डेटा सिस्टम बनाया जाएगा, जिसमें सभी हादसों की जानकारी दर्ज होगी। ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर फेसलेस चालान की व्यवस्था होगी।
  7. नगर नियोजन और शहरी विकास– सड़क किनारे अतिक्रमण हटाया जाएगा। यातायात संकेतक, रोड मार्किंग और स्ट्रीट लाइट्स की व्यवस्था की जाएगी। नगरीय क्षेत्रों में पार्किंग की उचित व्यवस्था की जाएगी।
  8. वन विभाग की भूमिका– वन्यजीवों और सड़क यातायात के बीच टकराव रोकने के लिए गति नियंत्रण के उपाय किए जाएंगे। दुर्घटना रोकने के लिए सड़क किनारे वृक्षारोपण किया जाएगा।
  9. शराब और सड़क सुरक्षा– आबकारी विभाग शराब पीकर वाहन चलाने की आदत को रोकने के लिए प्रयास करेगा और सड़क हादसों में शराब के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को कम करने के लिए कड़े नियम बनाए जाएंगे और सख्त कार्रवाई की जाएगी।

दुर्घटना पीड़ितों के लिए आर्थिक सहायता

उत्तराखंड सरकार की नई सड़क सुरक्षा नीति के तहत मुआवजा राशि बढ़ा दी गई है। अब सड़क दुर्घटना में मृत्यु पर ₹2,00,000, गंभीर चोट (दोनों आंखों या पैरों की हानि) पर ₹1,00,000, आंशिक विकलांगता या लंबे इलाज पर ₹40,000 और मामूली चोट पर ₹10,000 की सहायता मिलेगी। आपको बता दें, मुआवजा सीधे बैंक खाते में जाएगा और गंभीर मामलों में मुफ्त इलाज की व्यवस्था होगी।

Aarti Rawat
Aarti Rawat