उत्तराखंड में पैर पसार रहा साइबर क्राइम, डाटा हैकिंग के बढ़े मामले…

Cyber ​​crime spreading in Uttarakhand : उत्तराखंड में लगातार साइबर क्राइम के मामले बढ़ रहे हैं डाटा सेंध मारी से साइबर अपराधी लोगों के खाते खंगाल रहे हैं बताया जा रहा है ठगी के नए-नए तरीके इस्तेमाल कर साइबर अपराधी सरकारी विभाग ,बैंक और बीमा संस्थाओं से लेकर ऑनलाइन सामान बेचने वाली कंपनियों के डाटा में सेंध मारी कर और ग्राहकों की जानकारी हासिल कर साइबर अपराधी उन्हें अपना शिकार बना रहे हैं।

बताया जा रहा है योजनाओं के लिए आवेदन करने और बैंक व बीमा उत्पाद खरीद चुके लोग ठगो के पास उनकी व्यक्तिगत सूचनाओं दिए जाने पर ठगो को संबंधित संस्थान का कर्मचारी मानकर बैंक खाते, ओटीपी, पासवर्ड, आदि सांझा कर लेते हैं जिससे अपराधी डाटा लेकर हैकिंग, सॉफ्टवेयर विशेषज्ञों के साथ संस्थान के पूर्व और वर्तमान कर्मचारियों का इस्तेमाल कर रहे हैं।

मुंडा खेड़ा खुर्द गांव के 15 लोगों से बाल विकास विभाग में अनुदान के आवेदन करने वाले आवेदनों की जानकारी लेकर साइबर अपराधियों ने उनके खाते से डेढ़ लाख से अधिक रकम निकाली है। वही व्यापारी की विमा पॉलिसी की जानकारी हासिल कर बीमा किस्त जमा करने के नाम पर व्यापारी से 25000 से अधिक रकम ठगे।

सती ऑनलाइन सामान बेचने वाली कंपनी के ग्राहक से आर्डर कैंसिल करने की जानकारी की प्रक्रिया के दौरान व्यक्ति के क्रेडिट कार्ड से 1.3 लाख रकम ठगे। अपराधी ने स्वयं को बैंक कर्मचारी बताकर खेड़ी गांव निवासी ग्रामीण के खाते से 1.72 लाख की रकम निकाले।

साइबर ठगी से बचने के लिए विशेषज्ञों के टिप्स

  • अनजान व्यक्ति से ओटीपी पासवर्ड या बैंक खाता डिटेल आधार कार्ड सांझ ना करें।
  • ऑनलाइन खरीदी से सावधान।
  • बीमा व बैंकिंग कार्य के लिए कार्यालय या अधिकृत कर्मचारी से संपर्क करें।
  • अंजान लिंक या ईमेल पर क्लिक को क्लिक करने से सावधान।
Srishti
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