तारातला गोदाम हादसे में बड़ा खुलासा: डिजाइन खामियों के बीच 3 गिरफ्तार, मलबे में अब भी कई मजदूरों के फंसे होने की आशंका

Warehouse Collapse In Kolkata 8 Dies: कोलकाता से बड़ी दुखद खबर सामने आ रही है बुधवार 24 जून सुबह करीब 11:30 बजे तारातला में 32000 वर्ग फुट का निर्माण अधीन गोदाम अचानक से ढह गया जिसमें आठ लोगों की मौत हो गई जबकि 20 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। इस हादसे में करीब 40 मजदूर कंक्रीट के मलबे, मुड़ी हुई लोहे की बीम, स्टील और टीन की चादरों में दबे हुए हैं।

रेस्क्यू अभियान के लिए भारतीय सेवा, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, कोलकाता पुलिस, फायर ब्रिगेड सिविल डिफेंस और डिजास्टर मैनेजमेंट यूनिट के करीब 400 कर्मचारी जुटे हुए हैं। कंक्रीट के मालपे को काटने के लिए एंगल कटर डायमंड चैन से एयर प्लाजमा कटिंग मशीन और कॉर्डलेस हैमर ड्रिल जैसे आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल किया जा रहा है। आपको बता दें कि बचाव कर्मियों ने एक-एक करके गिरे हुए ढांचे को हटाया और मालवा से लगभग 25 लोगों को बाहर निकाला लेकिन समय गुजारने के साथ ही मलबे में दबे मजदूरों की संख्या बढ़ने की खबर मिली।

इस पूरी प्रकरण पर कार्यवाही करते हुए बुधवार देर रात पुलिस के द्वारा तीन लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिसमें साइड सुपरवाइजर सैयद मोहम्मद गुलजार, लेबर सप्लायर सुभाष चौधरी और मोहम्मद अता–उल शामिल है।

मिली जानकारी के अनुसार इस गोदाम को चाय के गोदाम, बैटरी स्टोर और कोल्ड स्टोरेज सुविधा के लिए इस्तेमाल किया जाना था। कोलकाता पोर्ट की जमीन पर बना रहे ग्राउंड फ्लोर प्लस दो मंजिला गोदाम को उड़ीसा के एक व्यवसाय शंभू बड़ा ने 30 साल के लिए लीज पर लिया था। इंजीनियरों की शुरुआती जांच में सामने आया है कि इमारत के डिजाइन में कई कमियां थी। आपको बता दें इस मामले की जांच डिटेक्टिव डिपार्टमेंट ने अपने हाथ में ली है।

Srishti
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